Top News

निःशुल्क चिकित्सा योग कक्षा में उमड़ा उत्साह, वर्षा भी नहीं रोक सकी साधकों का जोश

 


सोन की आवाज रिपोर्टर सोनभद्र कमलेश कुमार सिंह


ओबरा।
वर्षा की हल्की फुहारों के बीच भी योग साधकों का उत्साह कम नहीं हुआ। आज अम्बेडकर स्टेडियम, ओबरा में खुले मैदान के स्थान पर सीढ़ियों पर बैठकर योगाभ्यास किया गया। वातावरण भले ही नम था, लेकिन साधकों का मन पूर्णतः एकाग्र और ऊर्जावान दिखाई दिया।

योग कक्षा में उपस्थित साधक भाई-बहनों को शरीर की संरचना और उसके रहस्यों पर विशेष जानकारी दी गई। बताया गया कि मानव शरीर पंच प्राण और पंच महाभूतों से निर्मित है, जिनमें पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और आकाश प्रमुख हैं। इन तत्वों के संतुलन से ही शरीर स्वस्थ और निरोग रहता है।

इस अवसर पर स्वामी रामदेव जी महाराज की शिक्षाओं का उल्लेख करते हुए, महर्षि पतंजलि द्वारा प्रतिपादित अष्टांग योग, विभिन्न आसनों, प्राणायाम और ध्यान की विस्तृत जानकारी दी गई। साधकों को नियमित अभ्यास के महत्व को समझाया गया, जिससे वे जीवन में अनुशासन और स्वास्थ्य दोनों प्राप्त कर सकें।

योग के प्रभाव का एक प्रेरणादायक उदाहरण भी सामने आया। खरैटिया निवासी श्रीराम तिराहा के रहने वाले युवा राकेश, जिनके शरीर में गांठ की समस्या थी, उन्होंने बताया कि प्रतिदिन सुबह 30 मिनट तक कपालभाति और अनुलोम-विलोम प्राणायाम के नियमित अभ्यास के साथ पतंजलि आयुर्वेद लिमिटेड द्वारा निर्मित कांचनार गुग्गुल व वृद्धि वाटिका वटी के सेवन से उनकी समस्या में काफी सुधार हुआ है।

योग शिक्षक द्वारा बताया गया कि नियमित योगाभ्यास से गठिया, साइटिका, थायराइड, प्रोस्टेट, यूरिक एसिड, गैस, कब्ज़, घुटनों का दर्द आदि अनेक रोगों में लाभ मिलता है। यह केवल व्यायाम नहीं, बल्कि संपूर्ण जीवनशैली का विज्ञान है।

इस निःशुल्क योग कक्षा में लालजी, देवेश सिंह, बबलू प्रजापति, राम लखन, गीता यादव सहित कई साधक नियमित रूप से भाग ले रहे हैं। योग शिक्षिका शिवांगी के साथ यह कक्षा पतंजलि योगपीठ से प्रशिक्षित वीरेंद्र योगी द्वारा संचालित की जा रही है।

विशेष बात यह है कि यहां दी जा रही सभी सेवाएं पूर्णतः निःशुल्क हैं, और हर वर्ग के लोगों को स्वास्थ्य की दिशा में जागरूक करने का कार्य निरंतर जारी है।

Post a Comment

Previous Post Next Post
 Son Ki Awaz News
 Son Ki Awaz News

🎧 LIVE FM RADIO




🔊 Volume